लुधियाना में माइनिंग माफिया का दुस्साहस: पर्ल्स ग्रुप की विवादित जमीन पर अवैध खनन, पुलिस पर उठे सवाल

लुधियाना में माइनिंग माफिया का दुस्साहस: पर्ल्स ग्रुप की विवादित जमीन पर अवैध खनन, पुलिस पर उठे सवाल

लुधियाना ,  04 अप्रैल 2026 । लुधियाना में अवैध खनन का एक बड़ा मामला सामने आया है, जहां विवादित Pearls Group की जमीन पर माइनिंग माफिया ने खुलेआम डाका डाल दिया। हैरानी की बात यह है कि यह पूरी गतिविधि पुलिस और प्रशासन की मौजूदगी के बावजूद होती रही, जिससे कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। दरअसल, पर्ल ग्रुप ने पंजाब के कई लोगों से करोड़ों रुपए की ठगी की थी। ग्रुप द्वारा लोगों से की ठगी के पैसों से पूरे पंजाब में कई जमीने खरीदी हुई है। ऐसे ही लुधियाना के गांव बुड्ढेवाल में भी पर्ल गु्रप की कई एकड़ जमीन ऐसे ही पड़ी हुई है। लेकिन, पर्ल ग्रुप की जमीनों को लेकर अदालतों ने सख्त निर्देश दिए हैं कि इसे सुरक्षित रखा जाए ताकि ठगी के शिकार हुए लाखों लोगों के पैसों की भरपाई की जा सके। 

स्थानीय लोगों के अनुसार, रात के समय भारी मशीनरी और ट्रैक्टर-ट्रॉलियों की मदद से अवैध खनन किया जा रहा था। जमीन से बड़े पैमाने पर मिट्टी और खनिज निकाले जा रहे थे, जिससे न केवल सरकारी राजस्व को नुकसान हो रहा है, बल्कि पर्यावरण पर भी गंभीर असर पड़ रहा है।

यह जमीन पहले से ही विवादों में रही है और Pearls Group से जुड़े मामलों के कारण प्रशासन की निगरानी में मानी जाती है। इसके बावजूद माइनिंग माफिया का इस तरह सक्रिय होना कई सवाल खड़े करता है—क्या इसमें स्थानीय स्तर पर मिलीभगत है या निगरानी में बड़ी चूक हुई है?

घटना के सामने आने के बाद प्रशासन हरकत में आया है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और संबंधित लोगों की पहचान की जा रही है। साथ ही, अवैध खनन में इस्तेमाल हो रही मशीनों और वाहनों को जब्त करने की कार्रवाई भी की जा रही है।

विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह के मामलों में सख्त कार्रवाई और लगातार निगरानी बेहद जरूरी है, क्योंकि अवैध खनन न केवल पर्यावरण को नुकसान पहुंचाता है, बल्कि यह संगठित अपराध का भी हिस्सा बन जाता है।

कुल मिलाकर, Ludhiana में सामने आया यह मामला प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बन गया है, जहां माइनिंग माफिया के खिलाफ सख्त कदम उठाने की जरूरत है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।