सामंथा रुथ प्रभु के साथ भीड़ में बदसलूकी, सेलेब्रिटी सुरक्षा पर फिर उठे सवाल
नई दिल्ली, 22 दिसंबर 2025 । दक्षिण भारतीय सिनेमा की मशहूर अभिनेत्री सामंथा रुथ प्रभु के साथ भीड़ में बदसलूकी की खबर सामने आने के बाद सोशल मीडिया और फिल्म इंडस्ट्री में नाराज़गी देखने को मिल रही है। बताया जा रहा है कि एक सार्वजनिक कार्यक्रम के दौरान भारी भीड़ के बीच सामंथा को असहज स्थिति का सामना करना पड़ा, जहां कुछ लोगों ने मर्यादा की सीमाएं लांघ दीं। इस घटना ने एक बार फिर से महिला सेलेब्रिटीज़ की सुरक्षा और सार्वजनिक जगहों पर उनके सम्मान को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, कार्यक्रम स्थल पर प्रशंसकों की भारी भीड़ जमा थी। इसी दौरान कुछ असामाजिक तत्वों ने भीड़ का फायदा उठाते हुए अनुचित व्यवहार किया। स्थिति बिगड़ते देख सुरक्षाकर्मियों ने तुरंत हस्तक्षेप किया और सामंथा को सुरक्षित स्थान पर ले जाया गया। हालांकि घटना कुछ ही पलों की थी, लेकिन इसका मानसिक असर किसी भी महिला के लिए गंभीर हो सकता है।
कुछ समय पहले ही द राजा साब एक्ट्रेस निधि अग्रवाल के साथ लॉन्च इवेंट में भीड़ ने धक्का-मुक्की की थी, जिसके बाद अब सामंथा भी इसका शिकार हो गई हैं। सामंथा हाल ही में एक पब्लिक इवेंट का हिस्सा बनी थीं, जहां उन्हें भीड़ ने घेर लिया। एक्ट्रेस को सही सलामत अपनी कार तक पहुंचने में काफी स्ट्रगल करना पड़ा।
रविवार को एक्ट्रेस सामंथा रुथप्रभू हैदराबाद में एक साड़ी शोरूम की ओपनिंग से जुड़े इवेंट का हिस्सा बनी थीं। इवेंट में सामंथा को देखने के लिए भारी भीड़ इकट्ठा हो गई।
कई फैंस उनके काफी करीब आ गए। एक्ट्रेस के बॉडीगार्ड ने जैसे-तैसे घेरा बनाकर भीड़ को एक्ट्रेस के नजदीक आने से रोका, इस दौरान एक्ट्रेस कई बार लड़खड़ा गईं। कहीं उनकी साड़ी भी खींची गई।
फिल्म इंडस्ट्री से जुड़े कई कलाकारों और सामाजिक संगठनों ने भी इस घटना की निंदा की है। उनका कहना है कि स्टारडम किसी भी महिला की गरिमा को ठेस पहुंचाने का लाइसेंस नहीं देता। सार्वजनिक आयोजनों में सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त करने, भीड़ प्रबंधन सुधारने और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जरूरत बताई जा रही है।
सामंथा रुथ प्रभु इससे पहले भी महिलाओं से जुड़े मुद्दों पर खुलकर बोलती रही हैं। यह घटना न केवल एक अभिनेत्री के साथ हुई बदसलूकी का मामला है, बल्कि समाज में महिलाओं के प्रति सोच और व्यवहार पर भी सवालिया निशान लगाती है। विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसी घटनाओं पर सख्त और त्वरित कार्रवाई ही भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोक सकती है।


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