सीमावर्ती क्षेत्रों में सुरक्षा सख्त: हाई अलर्ट के बीच मुख्य सचिव के कड़े निर्देश
बिहार , 24 अप्रैल 2026 । बिहार के मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने गुरुवार को भारत-नेपाल सीमावर्ती क्षेत्रों की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करते हुए सुरक्षा चौकसी और बेहतर करने का निर्देश दिया। देश के संवेदनशील सीमावर्ती इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है। ताजा हालात को देखते हुए आयोजित उच्च स्तरीय समीक्षात्मक बैठक में Chief Secretary ने अधिकारियों को कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए, ताकि किसी भी संभावित खतरे से प्रभावी ढंग से निपटा जा सके।
मुख्य सचिव की अध्यक्षता में भारत-नेपाल सीमावर्ती क्षेत्रों से संबंधित एक समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गई। बैठक का मुख्य उद्देश्य सीमा क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करना, अवैध गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण सुनिश्चित करना तथा विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना था। समीक्षा के दौरान जाली भारतीय मुद्रा के प्रसार, साइबर धोखाधड़ी, अवैध दूरसंचार गतिविधियों, म्यूल खातों के बढ़ते उपयोग तथा फर्जी कंपनियों के संचालन जैसे मामलों पर गंभीर चर्चा हुई।
बैठक में सुरक्षा एजेंसियों, प्रशासनिक अधिकारियों और खुफिया विभागों के बीच समन्वय बढ़ाने पर विशेष जोर दिया गया। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि सीमावर्ती क्षेत्रों में निगरानी और गश्त को और अधिक सघन किया जाए, साथ ही संदिग्ध गतिविधियों पर तुरंत कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
इसके अलावा, स्थानीय प्रशासन को अलर्ट मोड में रहने और आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी तैयारी रखने को कहा गया है। संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती और चेकिंग अभियान तेज करने के भी निर्देश जारी किए गए हैं।
बैठक में यह भी स्पष्ट किया गया कि किसी भी तरह की अफवाह या गलत सूचना पर कड़ी नजर रखी जाए और समय पर सही जानकारी जनता तक पहुंचाई जाए, ताकि घबराहट का माहौल न बने।
साथ ही, स्वास्थ्य, आपूर्ति और परिवहन जैसी जरूरी सेवाओं को सुचारू बनाए रखने पर भी जोर दिया गया, ताकि आम लोगों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
प्रशासन का कहना है कि यह कदम एहतियात के तौर पर उठाया गया है और स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। आम नागरिकों से भी सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत प्रशासन को देने की अपील की गई है।


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