सोना एक दिन में ₹1,836 और चांदी ₹4,417 सस्ती — कीमती धातुओं में अचानक गिरावट से बाजार में हलचल
नई दिल्ली, 24 अक्टूबर 2025 । सोने और चांदी के दामों में शुक्रवार को आई तेज गिरावट ने निवेशकों और ज्वैलरी कारोबारियों दोनों को चौंका दिया। अंतरराष्ट्रीय बाजार में दबाव और डॉलर की मजबूती के कारण भारत में सोना एक दिन में ₹1,836 प्रति 10 ग्राम और चांदी ₹4,417 प्रति किलोग्राम तक सस्ती हो गई। यह हालिया महीनों में सबसे बड़ी एक-दिवसीय गिरावटों में से एक मानी जा रही है।
कल की बड़ी खबर सोना-चांदी के दाम से जुड़ी रही। सोने की कीमत एक हफ्ते में ₹9,356 रुपए घटकर ₹1,21,518 प्रति10 ग्राम पर आ गई है। 17 अक्टूबर को इसकी कीमत 1,30,874 रुपए के अपने अब तक के सबसे ऊंचे स्तर पर पहुंच गई थी।
वहीं, हुंडई मोटर इंडिया ने शुक्रवार (24 अक्टूबर) को हुंडई वेन्यू का सेकेंड जनरेशन मॉडल रिवील कर दिया है। कंपनी अपडेटेड मॉडल को 4 नवंबर को भारतीय बाजार में लॉन्च करेगी। कार लेवल-2 एडास जैसे सेफ्टी फीचर्स के साथ आएगी।
दिल्ली सर्राफा बाजार में 24 कैरेट सोने का भाव अब घटकर करीब ₹70,400 प्रति 10 ग्राम पर आ गया, जबकि चांदी ₹80,200 प्रति किलोग्राम के आसपास कारोबार करती देखी गई। विशेषज्ञों के अनुसार, अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरों में जल्द कटौती न करने के संकेत और डॉलर इंडेक्स के मज़बूत होने से निवेशकों ने सुरक्षित निवेश के रूप में सोने से दूरी बनाना शुरू कर दिया है।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी गोल्ड की कीमतें लगभग 2% फिसलकर $2,330 प्रति औंस पर पहुंच गईं, वहीं सिल्वर की कीमतें $26 प्रति औंस के करीब दर्ज की गईं। इसके साथ ही अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में वृद्धि ने निवेशकों को शेयर बाजार की ओर झुकाव बढ़ाने के लिए प्रेरित किया, जिससे कीमती धातुओं की मांग घट गई।
हालांकि, स्थानीय ज्वैलरी बाजारों में ग्राहकों के लिए यह खबर राहत भरी रही। दीवाली और शादी के सीजन में सोना और चांदी की खरीदारी करने वाले उपभोक्ताओं के लिए यह गिरावट एक अच्छा अवसर साबित हो सकती है। कई ज्वैलर्स ने पहले ही ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए नए ऑफर्स और स्कीमें शुरू कर दी हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह गिरावट अस्थायी हो सकती है। यदि भू-राजनीतिक तनाव या अंतरराष्ट्रीय आर्थिक अनिश्चितता बढ़ती है, तो आने वाले हफ्तों में कीमती धातुओं की कीमतें फिर से ऊपर जा सकती हैं।
इस तेज गिरावट ने जहां निवेशकों को सतर्क कर दिया है, वहीं उपभोक्ताओं में उत्साह की लहर है। बाजार की निगाहें अब अगले हफ्ते होने वाली अमेरिकी आर्थिक नीतियों की घोषणाओं पर टिकी हुई हैं, जो आने वाले दिनों में सोना और चांदी की दिशा तय करेंगी।


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