इजराइल का दावा—हमास के नंबर-2 चीफ राएद को किया ढेर, गाजा संघर्ष में नया मोड़

इजराइल का दावा—हमास के नंबर-2 चीफ राएद को किया ढेर, गाजा संघर्ष में नया मोड़

नई दिल्ली, 15 दिसंबर 2025 । इजराइल ने बड़ा दावा करते हुए कहा है कि उसने हमास के नंबर-2 चीफ राएद को एक लक्षित कार्रवाई में मार गिराया है। इजराइली सुरक्षा एजेंसियों के मुताबिक, यह ऑपरेशन खुफिया सूचनाओं के आधार पर किया गया और इसका मकसद हमास की शीर्ष नेतृत्व संरचना को कमजोर करना था। हालांकि, इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हो पाई है और हमास की ओर से आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार किया जा रहा है।

गाजा सिटी में इजराइली हमले में हमास के सेकेंड-इन-कमांड राएद सईद की मौत हो गई है। इजराइली सेना (IDF) ने शनिवार को यह दावा किया कि उसने गाजा सिटी में एक कार को निशाना बनाकर यह हमला किया। हालांकि, हमास ने अब तक राएद सईद की मौत की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।

राएद, हमास अल-कासिम ब्रिगेड का प्रमुख कमांडर था। अल जजीरा की रिपोर्ट्स के अनुसार इजराइली सेना ने कहा कि सईद हमास के हथियार बनाने वाले नेटवर्क का प्रमुख था और अक्टूबर 2023 में इजराइल पर हुए हमलों की साजिश बनाने वालों में भी शामिल था।

हमास के सूत्रों के मुताबिक राएद गाजा सिटी बटालियन का पूर्व प्रमुख भी रहा था। इजराइल का आरोप है कि सईद सीजफायर के बावजूद हमास की क्षमताओं को फिर से मजबूत करने और हथियार बनाने का काम कर रहा था, जो समझौते का उल्लंघन है।

यह हमला हमास के इजराइली सैनिकों पर हमले के बाद हुआ। इसमें 2 इजराइली सैनिक घायल हो गए थे। इसके बाद इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और रक्षा मंत्री इजराइल काट्ज ने सईद को निशाना बनाने का आदेश दिया था। अब नेतन्याहू ने कहा कि उन्होंने सैनिकों की मौत का बदला ले लिया।

इजराइल का कहना है कि राएद संगठन की रणनीतिक योजना, वित्तीय नेटवर्क और सैन्य संचालन में अहम भूमिका निभा रहा था। ऐसे में उसकी मौत से हमास की कमांड चेन पर गहरा असर पड़ सकता है। इजराइली अधिकारियों के अनुसार, हाल के महीनों में हमास के नेतृत्व को निशाना बनाने की नीति तेज की गई है, ताकि संगठन की संचालन क्षमता को सीमित किया जा सके और हमलों की योजना बनाने की क्षमता कमजोर पड़े।

गाजा पट्टी में चल रहे संघर्ष के बीच यह दावा क्षेत्रीय तनाव को और बढ़ा सकता है। पहले से ही मानवीय संकट, विस्थापन और लगातार हवाई हमलों के चलते हालात गंभीर बने हुए हैं। ऐसे में शीर्ष नेतृत्व से जुड़े किसी भी बड़े घटनाक्रम का सीधा असर जमीनी स्थिति और आगे की रणनीति पर पड़ना तय माना जा रहा है।

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि अगर यह दावा सही साबित होता है, तो यह इजराइल की सुरक्षा रणनीति के लिहाज से एक अहम उपलब्धि मानी जाएगी। वहीं, दूसरी ओर इससे संघर्ष के और तेज होने तथा जवाबी कार्रवाइयों की आशंका भी बढ़ सकती है। अंतरराष्ट्रीय समुदाय पहले ही संयम बरतने और मानवीय राहत पर जोर देने की अपील करता रहा है।

कुल मिलाकर, हमास के नंबर-2 चीफ राएद को मारने के इजराइली दावे ने पश्चिम एशिया की राजनीति और सुरक्षा हालात में नई अनिश्चितता जोड़ दी है। अब सभी की नजरें इस पर टिकी हैं कि हमास की प्रतिक्रिया क्या होती है और आगे संघर्ष किस दिशा में बढ़ता है।