पंजाब बजट 2026-27 में ‘मुख्यमंत्री सेहत योजना’, स्वास्थ्य क्षेत्र को मजबूत करने के लिए ₹2,000 करोड़ का प्रावधान

पंजाब बजट 2026-27 में ‘मुख्यमंत्री सेहत योजना’, स्वास्थ्य क्षेत्र को मजबूत करने के लिए ₹2,000 करोड़ का प्रावधान

चंडीगढ़  , 17  मार्च 2026 । पंजाब सरकार ने वित्त वर्ष 2026-27 के बजट में स्वास्थ्य सेवाओं को प्राथमिकता देते हुए ‘मुख्यमंत्री सेहत योजना’ के लिए ₹2,000 करोड़ का बड़ा आवंटन किया है। भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में यह कदम राज्य के गरीब और मध्यम वर्गीय परिवारों को बेहतर और सुलभ स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान करने की दिशा में एक अहम पहल माना जा रहा है। इस योजना का उद्देश्य न केवल आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों को मुफ्त या सस्ती चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध कराना है, बल्कि राज्य के सरकारी अस्पतालों और स्वास्थ्य ढांचे को भी सशक्त बनाना है।

इसी प्रगति को आगे बढ़ाते हुए, पंजाब सरकार ने 2026-27 के बजट में इस योजना के लिए ₹2,000 करोड़ का प्रावधान किया है, ताकि इसकी पहुंच और अधिक बढ़ाई जा सके और यह सुनिश्चित किया जा सके कि पंजाब के परिवारों को सरकारी और सूचीबद्ध निजी अस्पतालों में ₹10 लाख तक का कैशलेस चिकित्सा उपचार मिलता रहे। 

यह कार्यक्रम अब पंजाब के लगभग 65 लाख परिवारों को कवर करता है, जिससे करीब ३ करोड़ निवासियों को लाभ मिल रहा है और गंभीर बीमारियों के साथ आने वाले आर्थिक झटकों से सुरक्षा प्रदान की जा रही है। योजना की बढ़ती पहुंच पंजाब भर में तेजी से बढ़ते पंजीकरण और स्वास्थ्य सेवा साझेदारियों के विस्तार में भी दिखाई देती है।

मुख्यमंत्री सेहत योजना’ के तहत लाभार्थियों को सरकारी और चयनित निजी अस्पतालों में कैशलेस इलाज की सुविधा दी जाती है। इस योजना में गंभीर बीमारियों, सर्जरी और लंबी अवधि के इलाज को भी कवर किया जाता है, जिससे मरीजों पर आर्थिक बोझ कम हो सके। बजट में किए गए इस बड़े प्रावधान से उम्मीद की जा रही है कि राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार होगा और लोगों को इलाज के लिए बड़े शहरों की ओर पलायन कम करना पड़ेगा।

इसके अलावा, इस योजना के विस्तार के तहत अधिक अस्पतालों को जोड़ा जाएगा और नई तकनीकों तथा आधुनिक उपकरणों का इस्तेमाल बढ़ाया जाएगा। सरकार का लक्ष्य है कि हर पात्र परिवार तक स्वास्थ्य बीमा का लाभ पहुंचे और किसी भी नागरिक को इलाज के अभाव में परेशानी का सामना न करना पड़े।

पंजाब सरकार का यह फैसला ऐसे समय में आया है जब देशभर में स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर जागरूकता बढ़ी है और महामारी के बाद मजबूत हेल्थ सिस्टम की आवश्यकता महसूस की गई है। ‘मुख्यमंत्री सेहत योजना’ के लिए ₹2,000 करोड़ का बजट आवंटन इस बात का संकेत है कि राज्य सरकार आने वाले समय में स्वास्थ्य क्षेत्र में बड़े सुधार करने के लिए प्रतिबद्ध है।