जातिसूचक टिप्पणी मामले में बढ़ीं रवनीत बिट्टू की मुश्किलें, पंजाब SC आयोग ने मांगी रिपोर्ट

जातिसूचक टिप्पणी मामले में बढ़ीं रवनीत बिट्टू की मुश्किलें, पंजाब SC आयोग ने मांगी रिपोर्ट

पंजाब , 29 मई 2026 । केंद्रीय मंत्री और भाजपा नेता रवनीत सिंह बिट्टू कथित जातिसूचक टिप्पणी मामले को लेकर विवादों में घिर गए हैं। इस मामले में पंजाब अनुसूचित जाति आयोग ने संगरूर के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) से विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। आयोग की इस कार्रवाई के बाद राज्य की राजनीति में मामला और गर्मा गया है।

आपको बता दें कि धूरी दौरे के दौरान नगर निगम चुनाव ड्यूटी पर तैनात पंजाब पुलिस के अधिकारियो और कर्मचारियों के साथ रवनीत बिट्टू की तीखी बहस हो गई थी। इस दौरान माहौल काफी गर्मा गया, जहां मौजूद पुलिस कर्मियों व अन्य लोगों खिलाफ जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल किया गया, जिसकी वीडियो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हुई। 

बताया जा रहा है कि रवनीत बिट्टू के एक बयान को लेकर विवाद खड़ा हुआ, जिस पर विभिन्न संगठनों और राजनीतिक दलों ने आपत्ति जताई। आरोप लगाया गया कि बयान में जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल किया गया, जिससे समाज के एक वर्ग की भावनाएं आहत हुई हैं। मामले को गंभीर मानते हुए पंजाब अनुसूचित जाति आयोग ने पुलिस प्रशासन से पूरी जानकारी मांगी है।

आयोग ने संगरूर SSP को निर्देश दिया है कि मामले की जांच कर विस्तृत रिपोर्ट निर्धारित समय के भीतर प्रस्तुत की जाए। साथ ही यह भी पूछा गया है कि शिकायत मिलने के बाद पुलिस की ओर से अब तक क्या कार्रवाई की गई है।

विपक्षी दलों ने इस मुद्दे को लेकर भाजपा पर निशाना साधा है। विपक्ष का कहना है कि सार्वजनिक जीवन में मौजूद नेताओं को भाषा और सामाजिक संवेदनशीलता का विशेष ध्यान रखना चाहिए। वहीं भाजपा नेताओं का कहना है कि बयान को राजनीतिक रूप से तोड़-मरोड़कर पेश किया जा रहा है।

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह मामला आने वाले दिनों में पंजाब की राजनीति में बड़ा मुद्दा बन सकता है, क्योंकि जातीय और सामाजिक मुद्दे राज्य की राजनीति में हमेशा संवेदनशील रहे हैं।

हालांकि रवनीत बिट्टू की ओर से अभी तक इस मामले पर विस्तृत प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है, लेकिन आयोग की सक्रियता के बाद मामला कानूनी और राजनीतिक दोनों स्तरों पर चर्चा का विषय बन गया है। अब सभी की नजर पुलिस रिपोर्ट और आयोग की अगली कार्रवाई पर टिकी हुई है।