पंजाब बनेगा निवेशकों की पहली पसंद, 45 दिन में मंजूरियों का लक्ष्य
चंडीगढ़, 09 अक्टूबर 2026 । पंजाब सरकार राज्य में औद्योगिक निवेश बढ़ाने और युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा करने की दिशा में कदम उठा रही है। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने चंडीगढ़ में ‘हुनर पंजाब’ और ‘फास्ट-ट्रैक पंजाब’ पोर्टल लॉन्च किए। सरकार का कहना है कि इन डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए निवेश प्रक्रिया को सरल, पारदर्शी और समयबद्ध बनाया जाएगा।
मुख्यमंत्री के अनुसार, निवेशकों को जरूरी मंजूरियों के लिए अलग-अलग दफ्तरों के चक्कर लगाने की जरूरत कम होगी। फास्ट-ट्रैक पंजाब पोर्टल के माध्यम से आवेदन करने पर आवश्यक मंजूरियां 45 दिनों के भीतर उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है। दूसरी ओर, हुनर पंजाब पोर्टल उद्योगों को प्रशिक्षित युवाओं से जोड़ने और राज्य में रोजगार के अवसर बढ़ाने में मदद करेगा।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर अपने विचार साझा करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि पिछले चार वर्षों के दौरान पंजाब में 1.89 लाख करोड़ रुपये का निवेश आया है, जिससे 6.31 लाख नए रोजगार पैदा हुए हैं। निवेशकों के इस विश्वास को बनाए रखने के लिए हमने आज दो प्रमुख पोर्टल लॉन्च किए हैं। ‘हुनर पंजाब’ पोर्टल राज्य के युवाओं को उनके घरों के नजदीक रोजगार के अवसर प्रदान करने और उद्योगों को कुशल कामगार उपलब्ध करवाने के लिए शुरू किया गया है। इसके साथ ही निवेशकों को उपलब्ध सुविधाओं और वित्तीय रियायतों के बारे में पारदर्शी जानकारी प्रदान करने के लिए ‘फास्ट-ट्रैक पंजाब’ का ‘फाइनेंशियल इंसेंटिव्स मॉड्यूल’ (पासबुक) लॉन्च किया गया है। हमारा लक्ष्य पंजाब के युवाओं को उनके अपने राज्य में रोजगार देना और पंजाब को एक बार फिर खुशहाल बनाना है। इंकलाब जिंदाबाद।
हुनर पंजाब पोर्टल से युवाओं को कैसे मिलेगा फायदा?
हुनर पंजाब पोर्टल का उद्देश्य राज्य के युवाओं के कौशल और उद्योगों की जरूरतों के बीच बेहतर तालमेल बनाना है। इस प्लेटफॉर्म पर कंपनियां अपनी भर्ती संबंधी जरूरतें साझा कर सकेंगी, जबकि शिक्षण और कौशल विकास संस्थानों के जरिए उपलब्ध प्रतिभाओं की जानकारी भी हासिल कर सकेंगी।
इस पोर्टल के प्रमुख कामों में संस्थानों की जानकारी, भर्ती और प्लेसमेंट, इंटर्नशिप एवं औद्योगिक प्रशिक्षण और उद्योग-शिक्षण संस्थान सहयोग शामिल हैं।
मुख्यमंत्री ने बताया कि पोर्टल पर करीब 1,750 संस्थान पंजीकृत हो चुके हैं। सरकार का लक्ष्य है कि पंजाब के कुशल युवाओं को अपने ही राज्य में रोजगार के अवसर मिलें, ताकि उन्हें काम की तलाश में दूसरे राज्यों की ओर पलायन न करना पड़े।
2022 से अब तक ₹1.89 लाख करोड़ के निवेश का दावा
मुख्यमंत्री भगवंत मान के मुताबिक, वर्ष 2022 से पंजाब में लगभग ₹1.89 लाख करोड़ का निवेश आया है और इससे करीब 6.31 लाख रोजगार के अवसर पैदा हुए हैं। सरकार इन आंकड़ों को राज्य में निवेशकों के बढ़ते भरोसे का संकेत बता रही है।
हालांकि, निवेश की घोषित राशि और वास्तव में शुरू हुई परियोजनाओं में अंतर हो सकता है। रोजगार के आंकड़ों का आकलन करते समय यह देखना भी जरूरी है कि कितनी नौकरियां सीधे तौर पर उपलब्ध हुईं और कितनी परियोजनाओं के आगे बढ़ने के साथ सृजित होने की उम्मीद है।
फास्ट-ट्रैक पंजाब के साथ शुरू किए गए वित्तीय प्रोत्साहन मॉड्यूल से निवेशकों को उनके लिए उपलब्ध सरकारी सुविधाओं की जानकारी मिल सकेगी। कंपनियां अपने प्रोत्साहनों की पात्रता, इस्तेमाल और शेष लाभ की स्थिति ट्रैक कर सकेंगी।
इस व्यवस्था से निवेशकों को अलग-अलग कार्यालयों से जानकारी जुटाने में होने वाली परेशानी कम करने की कोशिश की गई है। उद्योग मंत्री अमन अरोड़ा ने भी डिजिटल व्यवस्था को पारदर्शिता और निवेश प्रक्रिया को आसान बनाने की दिशा में अहम कदम बताया।
पंजाब को निवेश का पसंदीदा केंद्र बनाने की रणनीति
पंजाब सरकार का कहना है कि वह उद्योगों के लिए अनुकूल माहौल तैयार करके राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूत करना चाहती है। निवेश बढ़ने से औद्योगिक गतिविधियों, स्थानीय कारोबार और रोजगार पर सकारात्मक असर पड़ सकता है।
हालांकि, पंजाब को निवेशकों की पहली पसंद बनाने की सफलता इस बात पर निर्भर करेगी कि मंजूरियां तय समय में कितनी प्रभावी ढंग से मिलती हैं, निवेश परियोजनाएं जमीन पर कितनी जल्दी शुरू होती हैं और युवाओं को वास्तविक रोजगार कितना मिलता है।
फिलहाल, हुनर पंजाब और फास्ट-ट्रैक पंजाब पोर्टल की शुरुआत को राज्य में डिजिटल शासन, निवेश सुविधा और रोजगार सृजन की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है


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