सोने के भाव में गिरावट से खरीदारों को राहत

सोने के भाव में गिरावट से खरीदारों को राहत

नई दिल्ली, 12 अक्टूबर 2026 । सोने की कीमतों में गिरावट की खबर से उन लोगों की दिलचस्पी बढ़ सकती है, जो शादी-ब्याह, त्योहार या निवेश के लिए गोल्ड खरीदने की योजना बना रहे हैं। ताजा अपडेट के मुताबिक, सोना आज ₹1,369 सस्ता हुआ है। हालांकि, सोने का वास्तविक भाव उसकी शुद्धता, शहर, ज्वेलर और बाजार के रेट के अनुसार अलग-अलग हो सकता है।

सोने-चांदी की कीमतों में आज यानी 12 अक्टूबर को गिरावट रही। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के मुताबिक, 10 ग्राम 24 कैरेट सोना 1,369 रुपए गिरकर 1.48 लाख रुपए आ गया है। वहीं, एक किलो चांदी की कीमत 814 रुपए घटकर 2.20 लाख रुपए हो गई है।

सितंबर में सोना 8 हजार और चांदी 15 हजार सस्ती

इससे पहले बीते महीने यानी सितंबर में सोना 8 हजार और चांदी 15 हजार सस्ती रुपए हुई। 31 अगस्त को सोना 1.56 लाख रुपए प्रति 10 ग्राम पर था जो 30 सितंबर को 1.48 लाख रुपए पर आ गया। इसी तरह 1 किलो चांदी की कीमत 2.37 लाख रुपए से गिरकर 2.22 लाख रुपए पर आ गई।

24 कैरेट और 22 कैरेट सोने का भाव क्यों होता है अलग?

सोना खरीदते समय उसकी शुद्धता समझना जरूरी है। 24 कैरेट सोना सबसे अधिक शुद्ध माना जाता है और इसका इस्तेमाल मुख्य रूप से निवेश के लिए किया जाता है। वहीं, 22 कैरेट सोना आमतौर पर आभूषण बनाने में इस्तेमाल होता है, क्योंकि इसमें अन्य धातुएं मिलाई जाती हैं।

इसलिए यदि बाजार में सोने के भाव में गिरावट आती है, तो 24 कैरेट और 22 कैरेट के प्रति 10 ग्राम रेट में अलग-अलग बदलाव दिखाई दे सकते हैं।

सोने की कीमतों में उतार-चढ़ाव के बीच खरीदारी करने से पहले कुछ जरूरी बातें ध्यान में रखनी चाहिए।

  • ताजा भाव जांचें: अपने शहर में 22 और 24 कैरेट सोने का रेट पता करें।
  • हॉलमार्क देखें: आभूषण खरीदते समय BIS हॉलमार्क और 6 अंकों वाला HUID सत्यापित करें।
  • मेकिंग चार्ज पूछें: आभूषण की कुल कीमत में मेकिंग चार्ज और लागू टैक्स भी शामिल हो सकते हैं।
  • पक्का बिल लें: बिल में शुद्धता, वजन और कीमत का विवरण जरूर जांचें।

सोने की कीमतों में बदलाव किन कारणों से होता है?

अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने की कीमत, डॉलर की चाल, ब्याज दरों की उम्मीदें, भू-राजनीतिक तनाव और निवेशकों की मांग जैसे कारक गोल्ड के भाव को प्रभावित कर सकते हैं। भारत में रुपये और डॉलर की विनिमय दर तथा आयात से जुड़े खर्च भी घरेलू कीमतों पर असर डालते हैं।

हालांकि, केवल एक दिन की गिरावट के आधार पर यह तय नहीं किया जा सकता कि आने वाले दिनों में सोना और सस्ता होगा या फिर कीमतों में दोबारा तेजी आएगी।

₹1,369 की गिरावट खरीदारों के लिए महत्वपूर्ण हो सकती है, लेकिन सही बचत जानने के लिए यह देखना जरूरी है कि गिरावट किस आधार पर दर्ज हुई है—प्रति 10 ग्राम, प्रति 100 ग्राम या किसी अन्य इकाई पर। शहर और शुद्धता के अनुसार वास्तविक भाव की पुष्टि करना भी जरूरी है।